Thu 06 08 2020
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पुलिस के सामने तोडफ़ोड़, वाहन जलाए – व्यापारियों की क्या थी गलती ?-Video

पुलिस के सामने तोडफ़ोड़, वाहन जलाए – व्यापारियों की क्या थी गलती ?-Video

शाजापुर। डीजे बजाने की बात को लेकर दो समुदायों के बीच विवाद हो गया और देखते ही देखते उपद्रवियों ने पथराव करने के साथ ही आधा दर्जन से अधिक वाहनों को आग के हवाले कर दिया। कई दुकानों में भी तोडफ़ोड़ की गईए घटना की जानकारी लगते ही मौके पर भारी पुलिस बल पहुंचा और उपद्रवियों को खदेड़ कर व्यवस्था संभाली। प्राप्त जानकारी के अनुसार शनिवार को शहर में करणी सेना द्वारा महाराणा प्रताप की जयंती को लेकर जुलूस निकाला गयाए जब जुलूस नई सडक़ पर पहुंचा तो यहां डीजे बजाने की बात को लेकर करणी सेना और वर्ग विशेष के लोग आमने.सामने हो गए। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच पथराव शुरू हो गया और इसके बाद उपद्रवियों ने दुकानों में तोड़ फोड़ करना शुरू कर दिया। इसके बाद करीब पांच बाइक और एक ऑटो रिक्शा को आग के हवाले कर दिया गया। घटना में दो पुलिसकर्मी सहित अन्य लोग घायल हो गए। पुलिस ने उत्पातियों को खदेडऩे के लिए अश्रु गैस के गोले दागे। वहीं सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक शैलेंद्रसिंह चौहानए एएसपी ज्योति ठाकुरए आरआई आशीष तिवारीए टीआई आलोकसिंह परिहार दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और उपद्रवियों को खदेड़ कर शांति व्यवस्था कायम की। उल्लेखनीय है कि पुलिस अधीक्षक श्री चौहान के कुशल नेतृत्व के चलते उपद्रवी शहर के अन्य इलाकों में उन्माद नही फैला सके और पुलिस ने घटना को मौके पर ही शांत कराने में सफलता हासिल की। पूर्व में भी पुलिस अधीक्षक श्री चौहान ने एबी रोड पर फैले उन्माद को कुछ ही समय में समाप्त कराया था।
सुरक्षा के मद्देनजर बाजार कराया बंद
स्थानीय नई सडक़ पर दोपहर के समय उपद्रवियों ने जमकर तांडव मचाया और वाहनों को आग लगाने के साथ ही दुकानों में भी तोडफ़ोड़ की। इस उपद्रव के बाद एहतियातन जिला प्रशासन ने धारा 144 लागू कर दी। वहीं सुरक्षा के मद्देनजर एटीएम के शटर गिरा दिए गए और पूरे शहर की दुकानों को बंद करा दिया गयाए ताकि स्थिति किसी भी तरह की स्थिति बिगडऩे पर उसे आसानी से नियंत्रित किया जा सके। कलेक्टर श्रीकांत बनोठए पुलिस अधीक्षक श्री चौहान सहित पुलिस अधिकारियों ने शहर में पेट्रोलिंग करना शुरू कर दिया और लोगों से अफवाह पर ध्यान नही दिए जाने की अपील की। घटना को गंभीरता से लेते हुए उज्जैन आईजी ने भी घटना स्थल पहुंचकर व्यवस्था का जायजा लिया।

किसकी थी लापरवाही-
पुलिस मौके पर पहुँच चुकी थी और उपद्रवियों को खदेड़ा जा रहा था लेकिन उसके बावजूद भी उपद्रवियों ने पुलिस के सामने ही दुकानों को नुकसान पुहँचाया। हकीमी हार्डवेयर पर पत्थर बरसाए, बोहरा सामज के दो लोगों के वाहनो को छतिग्रस्त किया उपद्रवि दंगाई करते रहे। इस पूरे घटनाक्रम का असली जिम्मेदार क्या प्रशासन है ? इस विडियों में साफ देखा जा सकता है कि किस प्रकार दंगाई दुकानों पर तोड़फोड़ कर नुकसान पहुंचा रहे है।

आरआई ने संभाली व्यवस्था
आपातकालीन परिस्थितियों में हमेशा सक्रियता दिखाने वाले आरआई तिवारी ने शहर में हुए उपद्रव के दौरान बेहतर कानून व्यवस्था संभाली और पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में उपद्रवियों को खदेड़ दिया। गौरतलब है कि गतदिनों किला स्थित टंकी में नपाकर्मी के साथ घटी घटना में भी आरआई श्री तिवारी ने सक्रिय भूमिका निभाते हुए कर्मचारियों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया था। वहीं पूर्व में सलसलाई में हुए उपद्रव के दौरान भी एक कर्मचारी की जान आरआई की सुझबूझ के चलते बच सकी थी।

इनका कहना है
महाराणाप्रताप के जुलूस निकालने के दौरान दो वर्गों के लोगों के बीच विवाद हो गया था। सूचना मिलते ही तत्काल स्थिति को नियंत्रित कर लिया गया। एहतियातन धारा 144 लागू की गई है फिलहाल शहर में पूर्णतरू शांति है।
.श्रीकांत बनोठए शाजापुर कलेक्टर।

अफवाहों पर ध्यान नही दें
विवाद के बाद स्थिति पूरी तरह से नियंत्रित है और शहर में शांति व्यवस्था कायम है। आमजन किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान नही दें।
.शैलेंद्रसिंह चौहानए पुलिस अधीक्षक।

आज हमारे वाहन जले और दुकानों पर नुकसान हुआ। हम बोहरा सामान के लोगों का जो नुकसान हुआ उसमें हमारी क्या गलती थी। दो पक्षों के विवाद में नुकसान हमारा हुआ। प्रशासन क्या इसकी भरपाई करवाएगी

– बोहरा समुदाय व्यापारिगण

लाईट की दुकान का सामान का नुकसान हुआ, टाईल्स की दुकान, कपड़े की दुकान आस-पास की हर दुकान का कुछ न कुछ नुकसान हुआ है, क्या दुकानदारों ने दंगाईयों के साथ कुछ गलत किया था ? जब भी ऐसी घटना होती है तब व्यापारी का नुकसान होता है और दंगाईयों को जेल की हवा खाना पड़ती है पर इस सबसे बहतर यही है कि प्रशासन ऐसे आयोजनों पर अधिक पुलिसबल का उपयोग कर पहले से सतर्कता रखें।

– घटनास्थल व्यापारीगण